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शनिवार, 20 जुलाई 2013

माँ निरूपमा : हाइकू






माँ की ममता
है बड़ी अनमोल 
माँ निरुपमा 

२. 
दया की मूर्ति 
लुटाती हैं खुशियाँ
क्षमा का मूल

३. 
उठे जो हाथ
खुशहाली के लिए 
माँ अनपूर्णा

४. 
माँ का आँचल 
स्नेह का महाकोष
जिन्दा जन्नत

५. 
ज्ञान की देवी 
माँ पथ-प्रदर्शक 
हमेशा आगे 

६. 
माँ का आँचल 
ममता भरी छावं 
सदा पावन

७. 
रूप अनेक 
सर्वस्व पूजनीय 
सुख दायिनी 


रविवार, 12 मई 2013

माँ का आशीष :हाइकू

सभी कामनाओं को त्याग देती है माँ, क्यूंकि माँ को सबसे बड़ा सुख उसकी संतानों के हर्ष से मिलता है! तो आइये इस अनमोल चरित्र माँ को नमन करें!

१.
माँ की ममता 
सुन्दर एहसास
प्यार की देवी 

२.
माँ की दुआएँ 
अनमोल खजाना 
बरसती है 

३.
आँखों में सदा 
स्वप्न लिए रहती 
बने समर्थ 

४.
पुत्र कुपुत्र 
माता नहीं कुमाता 
स्नेह की छाया

५.
देख लेती है 
हमारी खुशहाली 
अंधी आँखों से 

६.
जब भी मिले 
आँखों से छलकता 
नेह के आंसू 

७.
माँ का आशीष 
रब का वरदान 
हमेशा साथ 

शनिवार, 6 अप्रैल 2013

माँ की ममता :हाइकू








१.
माँ का आँचल 
कोमल अहसास

सदा पावन

२.

माँ का दुलार

ममता भरी छावं 

सुखद यादें 
३.
माँ से जीवन 
तन मन हरसे 
खुशियाँ लाये
४.
माँ क्या होती है ?
दया की प्रतिमूर्ति 
अमर  स्रोत 
५.
दूध का कर्ज 
ऋण है जीवन में
अनमोल है 

६.
बरसो बीते 
माँ से बिछड़ते 
दर्द में डूबे 
७.
रक्षा करता 

बीच मझधार में

माँ का आशीष 




"माँ पर कुछ लिखना आसान नहीं होता, लेकिन यह भी है कि माँ पर लिखना सबसे ज्यादा हीं संतोषप्रद होता है।"

शुक्रवार, 1 मार्च 2013

माँ,तुम्हारी यादें





माँ,
आज आ रही है 
तुम्हारी यादें बहुत 
तन्हा छोड़ मुझे 
जल्दी चली गयी तू 
हर पल रखा 
मेरी  ही खुशियों का ख्याल 
कभी भी न आने दी आँखों में नमी 
अब हर पल रहती 
तेरी यादों में आँखें नम 
तुम्हारी लोरियों की गूंज 
अब भी गूंज रही कानो में 
नहीं कर पा  रहा समझौता 
वीराने जिन्दगी से
आदत जो रही 
तुम्हारी प्यार दुलार का 
दुलार भरा हाथों का स्पर्श 
महसूस करता स्वप्निल नींद में 
फूलों जैसे  गोद में मचलना 
तुम्हारा मुस्कराना 
नींद से जग जाता अचानक 
ढूढने लगता तुम्हार चेहरा 
चमकते चाँद सितारों में 
माँ,तुम याद आ रही हो बहुत। 









 

शनिवार, 23 फ़रवरी 2013

तू कैसा बेटा है


आज आपलोगों के सामने माँ और कलयुगी बेटे की तुलना करते हुए एक कविता शेयर कर रहा हूँ ...


 

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